आजमगढ़: शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मचारियों का एक दिन का वेतन बिना वजह रोकने पर वित्त एवं लेखाधिकारी ने जताई नाराजगी
आजमगढ़: बेसिक शिक्षा परिषद के शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मचारियों के अवकाश खाते में नियमानुसार अवकाश उपलब्ध होने के बावजूद उनका एक दिन का वेतन काटे जाने या अवरुद्ध किए जाने का मामला सामने आया है. इस पर वित्त एवं लेखाधिकारी, बेसिक शिक्षा, आजमगढ़ ने कड़ी आपत्ति जताई है और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) को पत्र लिखकर इस पर रोक लगाने के निर्देश दिए हैं.
मुख्य बिंदु:
उच्च अधिकारियों के आदेशों की अनदेखी: पत्र के अनुसार, महानिदेशक स्कूल शिक्षा (उत्तर प्रदेश, लखनऊ) और शिक्षा निदेशक (बेसिक) के स्पष्ट निर्देश हैं कि अवकाश उपलब्ध होने पर शिक्षकों/कर्मचारियों का एक दिन का वेतन अवरुद्ध न किया जाए. इसके बावजूद कुछ मामलों में नियमों के विपरीत वेतन काटा जा रहा है.
एरियर (अवशेष देयकों) में हो रही वृद्धि: वित्त एवं लेखाधिकारी ने अवगत कराया है कि बिना वजह वेतन रोके जाने से कर्मचारियों के एरियर (अवशेष देयकों) के मामलों में अनावश्यक और अप्रत्याशित वृद्धि हो रही है, जो उच्चाधिकारियों के निर्देशों के अनुपालन में ढिलाई का प्रतीक है.
प्रभावी कार्रवाई के निर्देश: वित्त एवं लेखाधिकारी ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से अनुरोध किया है कि वे उच्चाधिकारियों के निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराएं ताकि शिक्षकों और शिक्षणेतर कर्मचारियों को असुविधा का सामना न करना पड़े.
