बीईओ के फोन के बाद शिक्षिका की तबीयत बिगड़ी, भर्ती; दो वीडियो की होगी जांच
प्रधानाध्यापिका ने बीईओ पर फोन कर धमकाने का लगाया आरोप, विभाग ने जारी किया कारण बताओ नोटिस
हरदोई। प्राथमिक विद्यालय टिमरख में गैस सिलेंडर लीक होने से लगी आग के मामले के बाद विवाद बढ़ गया। विद्यालय की प्रभारी प्रधानाध्यापिका शाहीन बानो की तबीयत उस समय बिगड़ गई, जब उनके पास बीईओ की ओर से फोन आने की बात सामने आई। परिजनों के अनुसार शिक्षिका को फोन पर कथित तौर पर धमकाया गया, जिसके बाद वह बेहोश होकर गिर पड़ीं। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया।
छुट्टी पर चल रही थीं प्रधानाध्यापिका
समाचार पत्र में प्रकाशित जानकारी के अनुसार प्रधानाध्यापिका शाहीन बानो वर्तमान में सीसीएल अवकाश पर थीं। उनकी गैरमौजूदगी में चार्ज सहायक अध्यापिका प्रतिभा के पास था। इसी दौरान विद्यालय में गैस लीकेज से आग लगने और रसोइया द्वारा एसडीएम से शिकायत किए जाने से जुड़ा एक वीडियो सामने आया।
बताया गया कि वीडियो वायरल होने के बाद बीएसए प्रभात मिश्र ने बीईओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।
फोन पर बातचीत के बाद बिगड़ी तबीयत
शाहीन बानो के परिजनों का आरोप है कि बीईओ ने उन्हें फोन कर बीआरसी कार्यालय आने के लिए कहा। बातचीत के दौरान कथित रूप से धमकी भी दी गई। इसके बाद शाहीन की तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश होकर गिर पड़ीं।
परिजनों ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने ब्रेन हेमरेज की आशंका जताए जाने की बात कही है।
शाहीन की पुत्री शाइमा के अनुसार, बीईओ का फोन उनकी मां के मोबाइल पर आया था। फोन पर बातचीत के बाद उनकी मां की तबीयत बिगड़ गई।
दो वीडियो की होगी जांच
मामले में बीएसए प्रभात मिश्र की ओर से कारण बताओ नोटिस जारी किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। पूरे प्रकरण की जांच के लिए दो वीडियो जांच के लिए सौंपे गए हैं।
अब विभागीय जांच में यह स्पष्ट किया जाएगा कि विद्यालय में हुई घटना, वायरल वीडियो और संबंधित अधिकारियों के बीच हुई बातचीत के संबंध में वास्तविक स्थिति क्या थी।
🔴 मामले में आगे क्या होगा?
विद्यालय में गैस लीकेज से आग लगने की घटना की जांच।
वायरल वीडियो की सत्यता एवं घटनाक्रम की जांच।
बीईओ को जारी कारण बताओ नोटिस पर जवाब।
दो वीडियो की जांच रिपोर्ट।
शिक्षिका की तबीयत बिगड़ने की घटना से जुड़े आरोपों की पड़ताल।
नोट: यह समाचार आपके द्वारा साझा किए गए समाचार-पत्र की रिपोर्ट के आधार पर तैयार किया गया है। फोन पर धमकी देने और बीमारी के कारणों से जुड़े आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि रिपोर्ट में उपलब्ध नहीं है।
