कैशलेस चिकित्सा सुविधा में 19 तक दूर होंगी डाटा की दिक्कतें
लखनऊ। प्रदेश के अशासकीय सहायता प्राप्त (एडेड) माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा का लाभ दिलाने के लिए पोर्टल पर डाटा संबंधी कमियां 19 सितंबर तक दूर की जाएंगी। शिक्षकों की शिकायतों के बाद माध्यमिक शिक्षा विभाग ने इस संबंध में सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों (डीआईओएस) को निर्देश दिए हैं।
स्टेट एजेंसी फॉर कॉम्प्रिहेंसिव हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज (साचीज) के पोर्टल पर 4,658 एडेड माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों का विवरण उपलब्ध कराया गया है। इसके बावजूद कई जिलों में विद्यालयों और शिक्षकों के नाम पोर्टल पर नहीं दिख रहे हैं। इससे शिक्षक कैशलेस इलाज की सुविधा से वंचित हैं।
एडेड माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों के डाटा में आ रही है समस्या
विभाग अब 4,658 विद्यालयों की सूची का जिलों से मिलान कराएगा। इसमें पोर्टल पर नहीं दिख रहे विद्यालयों के साथ उन विद्यालयों का डाटा भी दुरुस्त किया जाएगा, जिनके यू-डायस कोड, विद्यालय व प्रधानाचार्य के नाम, मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी में त्रुटियां हैं। कुछ विद्यालयों के नाम सूची में हैं, लेकिन उनकी यूजर आईडी उपलब्ध नहीं है। माध्यमिक शिक्षा निदेशक प्रताप सिंह बघेल ने डीआईओएस को निर्देश दिए हैं कि ऐसे सभी विद्यालयों की संशोधित जानकारी निदेशालय को भेजी जाए।