अलर्ट : “आशीर्वाद का दीया” थीम पर आज शाम 7 बजे दीपोत्सव, सभी स्कूलों में कम से कम 21 दीपक जलाने के निर्देश, शिक्षक हल्के में न लें यह आदेश
“आशीर्वाद का दीया” थीम पर आज शाम 7 बजे दीपोत्सव, सभी स्कूलों में दीप जलाने के निर्देश
बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से “सेवा संकल्प अभियान” के तहत आज शाम 7 बजे “आशीर्वाद का दीया” थीम पर दीपोत्सव कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस संबंध में सभी ब्लॉकों और नगर क्षेत्र के खंड शिक्षा अधिकारियों (BEO) को निर्देश जारी करते हुए परिषदीय, मान्यता प्राप्त, सहायता प्राप्त विद्यालयों और जनपद के KGBV विद्यालयों में कार्यक्रम कराने को कहा गया है।
निर्देश के अनुसार विद्यालयों में हेड टीचर, इंचार्ज टीचर, प्रधानाचार्य और वार्डेन के नेतृत्व में स्टाफ, ग्राम प्रधान, अभिभावकों, बच्चों, ग्रामवासियों और रसोइयों के सहयोग से दीप जलाए जाएंगे। प्रत्येक विद्यालय में कम से कम 21 दीपक जलाने के निर्देश दिए गए हैं।
7 बजे होगा दीपोत्सव
सभी विद्यालयों में आज शाम ठीक 7 बजे दीपोत्सव कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। कार्यक्रम के लिए आवश्यक दीपक, तेल और बाती की व्यवस्था स्कूल स्तर पर स्टाफ के सहयोग से करने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, KGBV विद्यालयों में 200 दीपक और BEO कार्यालय में कम से कम 101 दीपक जलाने के निर्देश दिए गए हैं।
फोटो और वीडियो भी भेजने होंगे
कार्यक्रम के बाद विद्यालयों को दीपोत्सव की साफ और स्पष्ट फोटो लेने के साथ 30 से 50 सेकंड की छोटी वीडियो क्लिप तैयार करनी होगी। फोटो और वीडियो को विभाग द्वारा बनाए गए नए ग्रुप में शाम 7:30 बजे तक अनिवार्य रूप से भेजना होगा।
सभी फोटो और वीडियो ग्रुप में भेजने के बजाय केवल चयनित फोटो और वीडियो भेजने के निर्देश दिए गए हैं। प्रत्येक ब्लॉक से 10 फोटो और 10 वीडियो क्लिप भेजी जाएंगी। अन्य फोटो-वीडियो ब्लॉक के संबंधित ग्रुप में सुरक्षित रखे जाएंगे।
बच्चों के घरों में भी जलेंगे दीपक
निर्देशों में विद्यालयों के साथ-साथ कुछ बच्चों के घरों में भी दीपक जलाने और इसकी फोटो उपलब्ध कराने को कहा गया है। इसके लिए विद्यालय स्तर पर आवश्यक व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।
कार्यक्रम के बाद सभी विद्यालय निर्धारित प्रारूप में संख्यात्मक रिपोर्ट तैयार कर उपलब्ध कराएंगे। ब्लॉकों से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर विभागीय स्तर पर समेकित रिपोर्ट तैयार कर उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी। सभी BEO, प्रधानाध्यापकों, हेड टीचर्स और वार्डेन को निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने को कहा गया है।
