हाई कोर्ट ने कहा : अतिरिक्त शिक्षकों के पुनः समायोजन को मंजूरी
अतिरिक्त शिक्षकों के पुनः समायोजन को मंजूरी
हाई कोर्ट ने कहा – जिन ब्लॉकों में शिक्षकों की कमी है, वहां अतिरिक्त शिक्षकों को भेजा जाए
इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सरप्लस (अतिरिक्त) शिक्षकों के पुनः समायोजन को मंजूरी दे दी है। कोर्ट ने कहा कि ऐसे शिक्षकों को उसी ब्लॉक के उन विद्यालयों में समायोजित किया जाए, जहां शिक्षकों की कमी है। यह आदेश न्यायमूर्ति सौमित्र दयाल सिंह और न्यायमूर्ति अरुण कुमार की खंडपीठ ने सौरभ कुमार सिंह व छह अन्य की विशेष अपील पर सुनवाई करते हुए दिया।
राज्य सरकार की ओर से मुख्य स्थायी अधिवक्ता अभिषेक श्रीवास्तव ने कोर्ट में रिपोर्ट प्रस्तुत की, जिसमें अलीगढ़, कौशांबी, पीलीभीत, सिद्धार्थनगर और श्रावस्ती जिलों के अतिरिक्त शिक्षकों का विवरण दिया गया। रिपोर्ट में बताया गया कि सूची में शामिल शिक्षकों ने पुनः समायोजन पर कोई आपत्ति दर्ज नहीं की।
कोर्ट ने कहा कि जिन शिक्षकों ने कोई आपत्ति नहीं की है, उन्हें उसी विकासखंड के उन विद्यालयों में भेजा जाए जहां या तो कोई शिक्षक नहीं है या केवल एक शिक्षक तैनात है, ताकि प्रत्येक विद्यालय में कम से कम दो शिक्षक सुनिश्चित किए जा सकें।
साथ ही कोर्ट ने लखनऊ शहरी क्षेत्र के विद्यालयों से संबंधित सूची भी अपलोड करने की अनुमति दी। जिन शिक्षकों ने समायोजन पर आपत्ति दर्ज कराई है, उनके पक्ष में पहले से जारी अंतरिम आदेश अंतिम निर्णय तक लागू रहेंगे। मामले की अगली सुनवाई 11 अगस्त 2026 को दोपहर 2 बजे निर्धारित की गई है।
